मीशो कंपनी पर मजदूरों की सैलरी रोकने और धमकी देने का आरोप

हरदोई | 8 नवंबर 2025
ग्राम पंचायत जैती खेड़ा में स्थित मीशो कंपनी एक बड़े विवाद में घिर गई है। कंपनी के मजदूरों ने आरोप लगाया है कि प्रबंधन ने उनकी तीन माह की सैलरी रोक दी है, और जब उन्होंने भुगतान की मांग की तो उन्हें नौकरी से निकालने की धमकी दी गई।
जानकारी के अनुसार, कंपनी में लगभग 20 से अधिक मजदूर पिछले तीन महीनों से लगातार कार्यरत थे। मजदूरों का कहना है कि जब उन्होंने अपनी मेहनताना राशि मांगी तो कंपनी के इंचार्ज अभिषेक और संजय गुप्ता ने न केवल भुगतान से इनकार कर दिया बल्कि धमकी भरे लहजे में कहा कि अब तुम्हें न सैलरी दी जाएगी, न ही नौकरी पर रखा जाएगा।

इस घटना से नाराज़ मजदूरों ने तुरंत 112 नंबर पर पुलिस को सूचना दी। पुलिस टीम मौके पर पहुंची, लेकिन जैसे ही उन्होंने वेंडर को बातचीत के लिए बुलाया, वह मौके से फरार हो गया। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने मजदूरों को सलाह दी कि वे भागू खेड़ा पुलिस चौकी में जाकर लिखित शिकायत दें।

मजदूरों ने सामूहिक रूप से चौकी इंचार्ज आशीष कुमार यादव को तहरीर सौंपी और पूरी घटना की जानकारी दी। आशीष कुमार यादव ने मजदूरों को भरोसा दिलाया कि उनकी बकाया सैलरी जल्द दिलाई जाएगी और इस मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि आरोप सही पाए गए तो कंपनी और ठेकेदारों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मजदूरों ने यह भी बताया कि यह कोई पहली घटना नहीं है। मीशो कंपनी में पहले भी कई बार मजदूरों की सैलरी रोकने और धमकाने की शिकायतें सामने आ चुकी हैं। मजदूरों के मुताबिक, कंपनी के मालिक और ठेकेदार अक्सर उनसे काम तो करवा लेते हैं, लेकिन समय आने पर भुगतान करने से बचते हैं।

मजदूरों में आशीष, रितिक यादव, आनंद सहित कई अन्य लोगों ने सामूहिक रूप से यह शिकायत दर्ज कराई है। उनका कहना है कि वे सिर्फ अपनी मेहनत की कमाई और रोज़ी-रोटी के अधिकार की मांग कर रहे हैं।

अब देखना यह है कि प्रशासन इस मामले को कितनी गंभीरता से लेता है और क्या गरीब मजदूरों को उनकी मेहनत की कमाई मिल पाएगी या नहीं।

--- अनुरीत टाइम्स संवाददाता, हरदोई