संस्कार परक शिक्षा से राष्ट्र के प्रति समर्पण की भावना बढ़ती है: अजीत सिंह बब्बन
संस्कार परक शिक्षा से राष्ट्र के प्रति समर्पण की भावना बढ़ती है: अजीत सिंह बब्बन
नैतिक शिक्षा और सांस्कृतिक कार्यक्रम छात्रों के भविष्य निर्माण में सहायक — स्वामी कल्याणानंद महाविद्यालय का 14वां स्थापना दिवस संपन्न
हरदोई।
स्वामी कल्याणानंद महाविद्यालय न्योरादेव में स्थापना दिवस के 14वें वार्षिकोत्सव के दूसरे दिन उत्साह और उल्लास का माहौल रहा। इस अवसर पर भाजपा जिला अध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन ने कहा कि “संस्कार परक शिक्षा, सांस्कृतिक कार्यक्रम और राष्ट्र प्रेम की प्रेरणा से ही विद्यार्थियों में राष्ट्र के प्रति कर्तव्यनिष्ठा और समर्पण की भावना विकसित होती है। शिक्षा केवल परीक्षा उत्तीर्ण करने का माध्यम नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण और समाज सेवा का संस्कार देने वाली होनी चाहिए।”
मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम में भाजपा जिला अध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में आरएसएस उन्नाव विभाग प्रचारक अमरजीत जी उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता कृष्ण मोहन जी, क्षेत्र संघ चालक एवं सदस्य, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ने की।
कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथियों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन और मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण के साथ हुई। सरस्वती वंदना अध्यापिकाओं कुंती और जूली द्वारा प्रस्तुत की गई। स्वागत गीत महाविद्यालय की छात्राओं ने प्रस्तुत किया। मुख्य अतिथि और विशिष्ट अतिथियों का स्वागत यशवर्धन सिंह एवं हृदयेष वर्धन सिंह ने किया।
दूसरे दिन की प्रतियोगिताओं में कक्षा 6 से 8 के छात्रों के बीच “देश की प्रगति में स्वदेशी वस्तुओं का प्रयोग हितकर है अथवा अहितकर” विषय पर वाद-विवाद हुआ, जबकि कक्षा 9 से 12 के विद्यार्थियों ने “आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस: वरदान या अभिशाप” विषय पर अपने विचार रखे। इसके अतिरिक्त प्रश्न मंच, कलश सज्जा, रंगोली और एकता में अनेकता जैसे रचनात्मक कार्यक्रमों का आयोजन भी किया गया।
निर्णायक मंडल में देवांशी सिंह, श्वेता सिंह और शिव सेवक त्रिपाठी शामिल रहे। विजेता छात्र-छात्राओं को मुख्य अतिथि अजीत सिंह बब्बन द्वारा पुरस्कृत किया गया।
कार्यक्रम अध्यक्ष कृष्ण मोहन जी ने कहा कि “छात्रों के प्रदर्शन से स्पष्ट है कि महाविद्यालय के शिक्षकों ने पूरी निष्ठा और मनोयोग से उन्हें शिक्षित और संस्कारित किया है।”
मुख्य अतिथि अजीत सिंह बब्बन ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि “संस्कारों से युक्त शिक्षा ही सुनहरे भविष्य की नींव रखती है। जो छात्र आज विजेता नहीं बन पाए, वे निराश न हों, बल्कि तैयारी जारी रखें।”
महाविद्यालय के संस्थापक हर्षवर्धन सिंह ने आए हुए सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का समापन “वंदे मातरम्” गीत के साथ हुआ।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से महाविद्यालय की प्रबंधिका सुनीता सिंह, कोषाध्यक्ष हृदयेश वर्धन सिंह, उप-प्रबंधक यशवर्धन सिंह, क्षमा सिंह, पल्लवी सिंह, मृदुला सिंह, अक्षय पटेल, अरविंद सिंह (एपीएस कॉलेज), उदय कुमार सिंह (समता पब्लिक स्कूल, गुलामऊ), पवन सिंह (काशीपुर), आशीष सिंह सोमवंशी (मलवा), स्वतंत्र मिश्रा (अध्यापक), नीरज सिंह (प्रधानाचार्य, बमतापुर), देवांशी सिंह, श्वेता, राजीव सिंह सोमवंशी, अनिल जी (जिला प्रचारक, आरएसएस) सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं एवं अभिभावक उपस्थित रहे।
— अनुरीत टाइम्स न्यूज़, हरदोई